
रुड़की।उत्तराखंड सरकार द्वारा उत्तराखंड निजी विश्विद्यालय( द्वितीय संशोधन) विधेयक के अंतर्गत कैबिनेट ने प्रदेश के जिन चार महाविद्यालयों को विश्वविद्यालय का दर्जा दिया है,उनमें रुड़की के सबसे पुराने शैक्षिक संस्थान बीएसएम डिग्री कॉलिज को भी विश्वविद्यालय का दर्जा दिया गया है।सरकार की इस घोषणा से नगर ही नहीं,बल्कि पूरे प्रदेश में हर्ष पाया जा रहा है।उत्तराखंड उर्दू अकादमी के पूर्व उपाध्यक्ष,उत्तराखंड भाषा संस्थान के सदस्य तथा वर्तमान में कालेज के मानद शिक्षक,अंतरराष्ट्रीय शायर अफजल मंगलौरी ने उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी,शिक्षा मंत्री धनसिंह रावत और शिक्षा सचिव को बधाई देते हुए कहा कि वर्षों से क्षेत्र की जनता को जिसकी प्रतीक्षा थी वह सपना सरकार द्वारा साकार किया गया है।अफजल मंगलौरी ने कहा कि स्वर्गीय पंडित मनोहर लाल शर्मा ने अपना जीवन बीएसएम शिक्षण संस्थान के लिए समर्पित किया था।आज उसी का फल विश्विद्यालय के रूप में हम सबको प्राप्त हुआ है।बीएसएम डिग्री कॉलिज में विश्वविद्यालय बनाये जाने का समाचार सुनते ही कॉलिज के शिक्षकों व कर्मचारियों में खुशी की लहर दौड़ गई और उन्होंने एक दूसरे को मिठाई खिलाकर बधाई दी।समस्त शिक्षकों ने कॉलेज प्रबन्ध समिति के अध्यक्ष एडवोकेट पंडित ममतेश शर्मा व निदेशक एडवोकेट पंडित रजनीश शर्मा का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में शिक्षण संस्थान को जो दर्जा मिला है,वह उनके अथक प्रयास का परिणाम है।इस अवसर पर प्रो०दीपक डोभाल,प्रो०संजय धीमान,प्रो०प्रवीण शर्मा,डॉ०सुष्मिता पंत,प्रो०संदीप पोसवाल,प्रो०अजय राजवंशी,प्र०भरत अरोरा,प्रो०शायना मलिक,प्रो०सविता सैनी,प्रो०मेहनाज,प्रो० रचना सैनी,प्रो०पारुल शर्मा,प्रो०शालिनी वर्मा,प्रो०विनय कुमार,प्रो०आकांशा व रामकुमार गुप्ता आदि मौजूद रहे।




















