
सीपी राधाकृष्णन ने 452 वोट हासिल कर देश के 15वें उपराष्ट्रपति के रूप में निर्वाचित हुए

नई दिल्ली। आज भारत को अपना नया उपराष्ट्रपति मिल गया है। सीपी राधाकृष्णन ने 452 वोट हासिल कर देश के 15वें उपराष्ट्रपति के रूप में निर्वाचित हुए हैं। 67 वर्षीय राधाकृष्णन, जो वर्तमान में महाराष्ट्र के राज्यपाल हैं, ने विपक्ष के उम्मीदवार जस्टिस बी. सुर्शान रेड्डी को भारी बहुमत से हराया। एनडीए की मजबूत संख्या के दम पर उनकी जीत पहले से ही तय मानी जा रही थी।

17 साल की उम्र में शुरू हुआ RSS से सफर

तमिलनाडु के तिरुप्पुर जिले में जन्मे सीपी राधाकृष्णन का राजनीतिक जीवन बेहद प्रेरणादायक रहा है। मात्र 17 साल की उम्र में वे राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) से जुड़े और तभी से उनकी वैचारिक नींव मजबूत हुई। भारतीय जनता पार्टी (BJP) के साथ उनका लंबा और सक्रिय सफर रहा है, जिसने उन्हें देश की राजनीति में एक मजबूत स्थान दिलाया।
दो बार लोकसभा सांसद और तमिलनाडु बीजेपी के रहे अध्यक्ष
राधाकृष्णन का राजनीतिक सफर 1998 में शुरू हुआ, जब वे कोयंबटूर से लोकसभा सांसद चुने गए। उनकी यह जीत खास थी, क्योंकि यह 1998 के कोयंबटूर बम विस्फोटों के बाद हुई थी, और बीजेपी ने तमिलनाडु में पहली बार तीन सीटें हासिल की थीं। वे 1998 और 1999 में लगातार दो बार लोकसभा सांसद रहे और अटल बिहारी वाजपेयी सरकार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।





























