
रुड़की। श्री सनातन धर्म प्रकाश चंद कन्या स्नातकोत्तर महाविद्यालय, रुड़की में वार्षिक चित्रकला प्रदर्शनी “कला महाकुंभ” का समापन अत्यंत उत्साहपूर्वक संपन्न हुआ। इस अवसर पर प्रदर्शनी का उद्घाटन एवं समापन समारोह डॉ जयपाल सिंह चौहान (उपाध्यक्ष, उच्च शिक्षा उन्नयन समिति, राज्य मंत्री – उत्तराखंड शासन), तथा सुनील सैनी (उपाध्यक्ष, पिछड़ा वर्ग कल्याण परिषद, राज्य मंत्री) की उपस्थिति में संपन्न हुआ। कार्यक्रम की अध्यक्षता सौरभ भूषण शर्मा (सचिव, महाविद्यालय प्रबंध तंत्र) ने की।

प्रदर्शनी की मुख्य आकर्षण ‘महाकुंभ की झांकी’ एवं ‘श्रीराम के अयोध्या आगमन’ को कला के माध्यम से अत्यंत जीवंत रूप में प्रस्तुत किया गया, जिसकी विशिष्ट अतिथियों ने मुक्त कंठ से सराहना की। उल्लेखनीय है कि उक्त प्रदर्शनी की समन्वयक डॉ अलका आर्य, प्रभारी डॉ अर्चना चौहान एवं प्रवक्ता एम ए चित्रकला विभाग आंचल एवं हिना को इस सफल आयोजन हेतु विशेष बधाई दी गई। विशिष्ट अतिथि डॉ जयपाल सिंह चौहान ने महाविद्यालय में संचालित प्रीफेक्ट प्रणाली एवं अनुशासन व्यवस्था की प्रशंसा करते हुए शिक्षकों के सतत प्रयासों को सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आचार्यों के निर्देशन में यह छात्राएं भविष्य की द्रौपदी मुर्मू मंत्रदृष्टा अपाला और गार्गी बनेंगी।

छात्राओं को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा की सोए हुए सिंह के मुख में जिस प्रकार मृग प्रवेश नहीं करता इस तरह सफलता का सोपान आलस्य अथवा प्रमाद के साथ अर्जित नहीं किया जा सकता। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे सौरभ भूषण शर्मा ने महाविद्यालय की प्रगति की सराहना करते हुए सभी को निरंतर उत्कृष्टता हेतु प्रेरित किया। इस अवसर पर महाविद्यालय की शोध पत्रिका “अपराजिता” एवं डॉ भारती शर्मा तथा डॉ अर्चना चौहान द्वारा संपादित पुस्तक

साहित्य, संस्कृति और समाज की अन्योन्याश्रयता
का लोकार्पण भी अतिथियों के करकमलों से संपन्न हुआ।
कार्यक्रम के अंतर्गत राजनीति विज्ञान विभाग, अंग्रेज़ी विभाग, एवं अनुशासन समिति के तत्वावधान में पुरस्कार वितरण कार्य भी सम्पन्न किया गया। कोमल एवं कु. साक्षी को सर्वश्रेष्ठ कलाकार के रूप में सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में डॉ कामना जैन, अंजलि प्रसाद, डॉ असमा सिद्दीकी, डॉ रुचि सिंह, एवं शाहिमा इत्यादि सम्मिलित रहे।





























