
1 अक्टूबर 2024 को उत्तराखंड के 78000 कर्मचारियों ने नई पेंशन स्कीम एवम UPS के विरोध में प्रतीकात्मक रूप में आपने कार्यस्थलों पर काली पट्टी एवं सोशल मीडिया पर अपनी तस्वीर को काला करके काला दिवस मनाया जैसा कि आप सभी को विदित है राष्ट्रीय पुरानी पेंशन बहाली संयुक्त मोर्चा गत 5 वर्ष से पुरानी पेंशन के आंदोलन के अभियान को काफी जोर सोर तरीके से चला रहा है क्योंकि राज्य में 1 अक्टूबर 2005 के बाद से ही पुरानी पेंशन को समाप्त करते हुए नई पेंशन योजना लागू की गई थी जिसको अब केंद्र सरकार ने यू0पी0एस0 में बदल दिया है जो सरकारी कर्मचारियों के साथ धोखा है,अतः इसी क्रम में 01 अक्टूबर को प्रदेश के सभी कर्मचारियों ने प्रदेश कार्यकारिणी के आह्वान पर काला दिवस मनाने का निश्चय किया, इसी क्रम में हरिद्वार के विभिन्न राजकीय व अशासकीय माध्यमिक विद्यालयों के हजारों शिक्षकों ने नोप्रुफ के आह्वान पर काला दिवस बढ़ चढ़कर मनाया, जिला अध्यक्ष ने बताया कि अक्टूबर माह के अंत तक संगठन द्वारा सदस्यता अभियान चलाया जाएगा जिससे पुरानी पेंशन की मांग को प्रभावशाली तरिके से रखा जा सके । उक्त कार्यक्रम में संगठन के जिला अध्यक्ष डॉ0 नवीन सैनी, जिला मंत्री संदीप शर्मा, उपाध्यक्ष प्रवीण जटराणा, जिला संरक्षक जगपाल सिंह, हरेंद्र सैनी जिला अध्यक्ष राजकीय शि0 संघ, बालेश चौधरी, राजेश सैनी (अध्यक्ष मा0 संघ) सुशील चौधरी, जिला संयोजक विवेक सैनी, जिला संरक्षक मांगेराम, आदेश सैनी,राजीव कुमार, संदीप कपिल, ब्लाक लक्सर अध्यक्ष मनोज कुमार,रविन्द्र ममगाई, प्रमोद कपरुवान, दिनेश लाल शाह,प्रमोद कुमार,सतीश सैनी, गजेंद्र सिंघल, सलेख चंद, जितेंद्र चौधरी, गजेंद्र राजपूत,अजय कुमार सैनी,लाल सिंह, ज्योत्सना ,सुषमा थपलियाल, जयंती रावत, आकांक्षा,दुर्गेश नन्दिनी, रेखा रावत,सुनीता देवी, पूजा सैनी, रेणु गोयल,संगीता सैनी, संदीप शर्मा, जगपाल सिंह, कुलदीप कसाना, दिनेश वर्मा, दीपक त्यागी धर्मेंद्र कुमार कुलदीप सिंह एवं हरिद्वार के सभी शिक्षक एवं कर्मचारियों ने काली पट्टी बांधकर विरोध स्वरूप काला दिवस मनाया,हरिद्वार एवं रुड़की से इस अभियान को लगभग सभी 22 सरकारी विभागों जिनमें शिक्षा, पीडब्ल्यूडी, सिंचाई, चिकित्सा, गन्ना विभाग आदि ने बढ़ चढ़कर हिस्सा लिया ।




























