अमृत काल के संकल्पों के साथ वार्षिक क्रीड़ा प्रतियोगिता का शुभारंभ,कोविड-19 की विषम परिस्थितियों के कारण गत 2 वर्षों से स्थगित महाविद्यालय की 3 दिवसीय वार्षिक क्रीडा प्रतियोगिता का शुभारंभ आज दिनांक 15:12 2022 को नेहरू स्टेडियम में अत्यंत जोश एवं उत्साह के साथ हुआ यूजीसी गाइडलाइन के अंतर्गत नेट द्वारा बी प्लस प्लस ग्रेडिंग प्राप्त करने की विशिष्ट उपलब्धि के साथ-साथ सत्र 2022 23 से महाविद्यालय में नई शिक्षा नीति 2020 के तहत शिक्षा प्रदान की जा रही है
जिसमें बालिकाओं को शिक्षा के साथ कौशल विकास भी प्रदान किया जा रहा है । वर्तमान परिस्थितियों में बालिकाओं की सुरक्षा को दृष्टिगत रखते हुए महाविद्यालय में त्रैमासिक निःशुल्क ताइक्वांडो सर्टिफिकेट कोर्स तथा समग्र स्वास्थ्य को बनाए रखने हेतु एक माह का योग प्रशिक्षण शिविर भी महाविद्यालय में चलाया जा रहा है। ताइक्वांडो,
योग एवं राजस्थानी नृत्य की शानदार प्रस्तुति उद्घाटन समारोह में प्रस्तुत की गई।प्राचार्य महोदया डॉ अर्चना मिश्रा ने अपने संबोधन में माननीय अतिथियों का स्वागत किया एवं महाविद्यालय की विशिष्ट उपलब्धियां बताते हुए कहा कि नई शिक्षा नीति में खेलों को भी पाठ्यक्रम का अभिन्न अंग बनाने पर जोर दिया गया है। महाविद्यालय द्वारा सदैव ही सरकार द्वारा निर्धारित नवीन नीतियों एवं कार्यक्रमों को अत्यधिक सम्मान देते हुए त्वरित गति से उन्हें महाविद्यालय में लागू करने का प्रयास सदैव ही किया जाता रहा है ।
गत दो सत्रों में भी महाविद्यालय लगातार अमृत महोत्सव के अंतर्गत विविध कार्यक्रम आयोजित करता रहा है ताकि वर्तमान पीढ़ी अपने समृद्ध इतिहास के 75 गौरवशाली वर्षों का जश्न मना सकें।उद्घाटन समारोह के मुख्य अतिथि माननीय विधायक श्री प्रदीप बत्रा जी ने छात्राओं को अपने आशीर्वचन में कहा की खेलेगा इंडिया तभी तो बढ़ेगा इंडिया इस उद्देश्य से भारत सरकार द्वारा खेलकूद को पाठ्यक्रम का अनिवार्य अंग बनाने पर जोर दिया जा रहा है । यह विद्यार्थियों को प्रशिक्षित कर उनके संतुलित विकास में योगदान देता है।
वार्षिक क्रीड़ा प्रतियोगिता की अध्यक्षता कर रहे महाविद्यालय प्रबंध समिति सचिव श्री सौरभ भूषण जी ने कहां पुस्तकों से बुद्धि एवं ज्ञान का विकास होता है तथा क्रीड़ा प्रतियोगिताएं शरीर को स्वस्थ एवं सक्रिय बनाती हैं यह सक्रियता हमें नवीन ऊर्जा व ताकत का संचार करती है।कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि महा महा विद्यालय प्रबंध समिति के उप सचिव श्री गोपाल गुप्ता जी ने अपने संबोधन में कहा खेलकूद व्यक्ति में प्रतिस्पर्धात्मक प्रवृत्ति के साथ-साथ नेतृत्व ,अनुशासन, सामंजस्य एवं संतुलित बने रहना भी सिखाते हैं।कार्यक्रम में क्रीड़ा प्रभारी डॉ किरण बाला द्वारा सभी माननीय अतिथियों,
प्राध्यापिकाओं तथा छात्राओं को प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के द्वारा भारत को आगामी 25 वर्षों में विकसित राष्ट्र बनाने हेतु जो संकल्प स्वतंत्रता दिवस पर लिए गए थे उन्हें प्रतिज्ञा के माध्यम से पुनः स्मरित कराया गया। क्रीड़ा प्रतियोगिताओं में छात्राओं ने अत्यंत उत्साह एवं जोश का परिचय दिया। आज रस्साकशी ,कैरम ,कबड्डी तथा सौ मीटर दौड़ के सेमीफाइनल हुए। तथा निम्न प्रतियोगिताओं के फाइनल भी संपन्न कराए गए-
शतरंज -प्रथम स्थान कीर्ति सैनी बी.ए. पंचम सेमेस्टर द्वितीय स्थान मंतशा अंसारी बीए प्रथम सेमेस्टर
डार्ट बोर्ड- प्रथम स्थान हुमा बी.एस.सी. प्रथम सेमेस्टर द्वितीय स्थान निशा एवं रजा बी.ए.द्वितीय सेमेस्टर तृतीय स्थान आयशा सिद्धकी बी.ए. प्रथम सेमेस्टर कार्यक्रम में मंच संचालन डॉ. भारती शर्मा एवं श्रीमती सुमन टांक के द्वारा किया गया। इस अवसर पर समस्त प्राध्यापिका वर्ग व कर्मचारी बंधुओं ने कार्यक्रम को निर्विघ्न संपन्न कराने में अपना योगदान दिया।
प्राचार्य डॉ अर्चना मिश्रा
क्रीडा समिति
डॉ किरनबाला
श्रीमती अंजलि प्रसाद
प्रेस मीडिया समिति
डॉ. कामना जैन
डॉ. शालिनी वर्मा